الفاظ alfaazsujalke

Ghazal · Urdu (उर्दू)

ख़ामोशी के दरिया में

Khamoshi ke Dariya Mein

ख़ामोशी के दरिया में डूबी सी इक आवाज़ हूँ
टूटे हुए अल्फ़ाज़ों से कहता हूँ अपनी बात हूँ
जो राहें तन्हा सी थीं, अब भी हैं वीरान सी
आँखों में यादों के कुछ साये लिए फिरता हूँ
दिल में दबे अरमान हैं, चेहरे पे झूठी मुस्कराहट है
उलझन भरी ज़िन्दगी में, इक पहेली सा साथ हूँ